The Intelligent Investor Chapter $10 : The Investor and His Advisers



क्या आपको सहायता कि आवश्यकता है?


1990 के दशक के उत्तरार्ध में, कई निवेशकों ने अकेले चलने कि राह को चुना। उन्होंने अपने स्वयं के अनुसंधान करके, स्टॉक को एक ऑनलाइन ब्रोकर के माध्यम से चुन कर ट्रेडिंग शुरू की, इन निवेशकों ने वॉल स्ट्रीट के अनुसंधान, सलाह और व्यापार के महंगे बेसिक सिस्टम को दरकिनार कर दिया। दुर्भाग्य से, बहुत से लोगों ने अपने do-it-yourselfers निर्णय के कारण जो स्वतंत्रता पायी थी, उसे बाजार कि सबसे बड़ी मंदी के समय में Great Depression ने अंत में महसूस करवा दिया कि वे इस do-it-yourselfers निर्णय के कारण मूर्ख बन गए थे। लेकिन यह जरूरी नहीं कि यह सच ही है; जो लोग एक पारंपरिक स्टॉकब्रोकर को अपने निवेश का हर निर्णय सौंपते हैं, वे भी तो पैसे खो देते हैं।


कई निवेशक एक अच्छे वित्तीय सलाहकार द्वारा अनुभव के आधार पर दिए गए निर्णय और second opinion को काफी सहज ले लेते हैं।


जबकि कुछ निवेशकों को यह दिखाने के लिए किसी बाहरी व्यक्ति की आवश्यकता हो सकती है कि उन्हें अपने वित्तीय लक्ष्यों को पूरा करने के लिए अपने निवेश पर कितनी दर अर्जित करनी है या इसके लिए कितना अतिरिक्त धन बचाने की आवश्यकता है।

हो सकता इन दूसरों को तब फायदा मिलता हो या लाभ हो रहा हो, और आपके निवेश निचे जा रहे हो! इस तरह, आप आत्मनिर्भरता के दर्द को अनुभव करने के बजाय, आपको किसी ऐसे व्यक्ति के निवेशों कि जांच करनी चाहिए जो आम तौर पर अपने निवेश में बुरे समय में भी लाभ अर्जित करता हो, वही आपको उस समय प्रोत्साहित कर सकता है। यह कार्य आपको उस समय मनोवैज्ञानिक तौर पर सक्षम बनाता है जब आपको लगातार निवेश करने की आवश्यकता होती है, और जब अन्य निवेशकों के सफल होने से आपका दिल बैठने लगता हैं। इस तरह एसा कोई कारण नहीं है कि आप अपने स्वयं के पोर्टफोलियो का प्रबंधन नहीं कर सकते हैं. और हाँ, इसे प्रबंधित करने में पेशेवरों कि मदद मांगने में कभी भी शर्म महसूस न करें।



आपको कैसे पता चलेगा कि आपको किसी कि सहायता कि जरुरत है? इसके यहाँ कुछ संकेत दिए गए हैं:


1. बड़ा नुकसान - यदि आपके पोर्टफोलियो ने साल 2000 की शुरुआत से 2002 के अंत तक अपने मूल्य का 40% से अधिक खो दिया है, तो आपने शेयर बाजार के निराशाजनक प्रदर्शन से भी बदतर प्रदर्शन किया। इसमें यह शायद ही मायने रखता है कि क्या आपने इसे आलसी, लापरवाह, या सिर्फ अशुभ होने के कारण गंवा दिया; इतने बड़े नुकसान के बाद, आपका पोर्टफोलियो मदद के लिए रो रहा होगा।


2. बजट कि बुरी हालत - अगर आप हर महीने, पुरे साल अपने बजट कि न्यूनतम आवश्यकता को पूरा करने के लिए संघर्ष करते रहते हैं, और आपको पता ही नहीं कि आपका सब पैसा जाता कहां है, और आपके लिए नियमित व समय पर बचत करना असंभव हो जाता है, आप समय पर अपने बिलों का भुगतान करने में असफल रहते है, तब आपको समझ में आ जाना चाहिए कि आपका बजट आपके नियंत्रण से बाहर हो गया हैं। इसे समय में एक सफल सलाहकार आपको एक व्यापक वित्तीय योजना तैयार करके आपकी अपने पैसे पर पकड़ बनाने में मदद कर सकता है, जो इस बात की रूपरेखा तैयार करेगा कि आपको कितना खर्च करना चाहिए, कितना उधार लेना चाहिए, कितना बचाना चहिये और कितना निवेश करना चाहिए।


3. बेतरतीब यानि उल्टा-पुल्टा पोर्टफोलियो - 1990 के दशक के अंत में बहुत से निवेशकों ने सोचा कि उनके पास diversified पोर्टफोलियो है, क्योंकि उनके पास 39 "अलग-अलग" इंटरनेट स्टॉक, या सात "अलग-अलग" अमेरिकी ग्रोथ-स्टॉक फंड थे। इसे इस तरह देखें कि यदि आपकी सभी होल्डिंग्स एक साथ ऊपर और नीचे जाती हैं, तब आपके पास investing harmony का अभाव है जो सही मायने में diversification लाता है। इस परिस्थिति में आपकी केवल एक professional " asset-allocation" प्लान ही मदद कर सकता है।


4. महत्त्वपूर्ण परिवर्तन - यदि आप एक self-employed हैं और अपनी सेवानिवृत्ति योजना लागु करने की आवश्यकता महसूस कर रहे है! या आपके वृद्ध माता-पिता के पास उनके खर्च का भी कोई क्रम नहीं है! या आपके बच्चों का कॉलेज भी आपके लिए unaffordable है! इस मामले में एक सलाहकार न केवल आपको मन की शांति प्रदान कर सकता है, बल्कि आपको आपके जीवन की गुणवत्ता में वास्तविक सुधार करने में भी मदद करेगा। और इससे भी आगे एक qualified professional यह सुनिश्चित कर सकता है कि आप कर कानूनों और सेवानिवृत्ति नियमों की जटिल जटिलता से लाभान्वित भी हों।


भरोसा करें, फिर verify करें


याद रखें कि वित्तीय जालसाज आपको उन पर भरोसा करने और आपको उनकी जांच करने वाली बात करने से रोकते हैं। इससे पहले कि आप अपने वित्तीय भविष्य को एक सलाहकार के हवाले करें, आपके लिए यह जानना अनिवार्य है कि आप किसी ऐसे व्यक्ति को खोजें जो न केवल आपको सहज बनाता हो बल्कि जिसकी ईमानदारी भी ठेस से परे हो।


जैसा कि रोनाल्ड रीगन कहते थे, "विश्वास करो, और फिर verify करो।"

उन लोगों के बारे में सोचकर शुरू करें जिन्हें आप सबसे अच्छे से जानते हैं और आपक जिन पर सबसे अधिक भरोसा करते हैं। फिर पूछें कि क्या वे आपको किसी ऐसे सलाहकार के पास भेज सकते हैं, जिस पर उन्हें भरोसा है और जिसे वे महसूस करते हैं उसकी फीस का अच्छा मूल्य मिलेगा। आप जिस किसी पर विश्वास करने वाले है , उसके बारे में किसी अपने अच्छे जानकार से विश्वास मत प्राप्त करना एक अच्छी शुरुआत है।


एक बार आपके पास सलाहकार और उसकी फर्म का नाम व साथ ही साथ उसकी विशेषता जैसे कि क्या वह स्टॉकब्रोकर है? financial planner? accountant? या Insurance agent? है. जब यह बेसिक जानकारी आपके पास आ जाती है तो आप उसके बारे में और ज्यादा जानने का काम शुरू कर सकते है जैसे Google जैसे इंटरनेट सर्च इंजन में सलाहकार और उसका नाम या उसकी फर्म का नाम सर्च करें, यह सब यह देखने के लिए कि गूगल पर उसके बारे में क्या जानकारी उपलब्ध है जैसे "ठीक है" "कोई शिकायत,"कोई मुकदमा, अनुशासनात्मक कार्रवाई या निलंबन जैसे शब्द आदि) )। यदि सलाहकार एक स्टॉकब्रोकर या बीमा एजेंट है, तो सम्बंधित बिमा कंपनी से यह पूछताछ करें कि क्या सलाहकार के खिलाफ कोई अनुशासनात्मक कार्रवाई या ग्राहक शिकायत दर्ज की गई है. यदि आप एक अकाउंटेंट पर विचार कर रहे हैं जो एक वित्तीय सलाहकार के रूप में भी काम करता है, तो आपके राज्य का लेखा नियामक आपको बताएंगे कि उसका रिकॉर्ड साफ है या नहीं ।


वित्तीय योजनाकारों या उनकी फर्मों को जिस स्थान पर उनकी प्रैक्टिस हो वहां के राज्य में प्रतिभूति और विनिमय आयोग या प्रतिभूति नियामकों के साथ रजिस्टर्ड होना चाहिए । इसकी जानकारी अपने राज्य प्रतिभूति नियामक की वेबसाइट पर आप देख और डाउनलोड कर सकते हैं। उनके Disclosure Reporting Pages पर विशेष ध्यान दें, जहां पर सलाहकार को नियामकों द्वारा किसी भी अनुशासनात्मक कार्रवाई का खुलासा करना होता है। अतः आपको आपने वित्तीय योजनाकार के सभी रिकॉर्ड को भली-भांति स्टडी करना एक अच्छा विचार है.


मैं तुम्हें जान रहा हूं


एक प्रमुख financial-planning newsletter ने हाल ही में दर्जनों सलाहकारों से बात करके उनके रिकार्ड्स के आधार पर यह बताया कि आपको अपना फाइनेंसियल प्लानर चुनने के लिए उससे कैसे साक्षात्कार करना चाहिए। एक सलाहकार की स्क्रीनिंग करने में आपके निम्न लक्ष्य होने चाहिए:


  1. निर्धारित करें कि वह ग्राहकों की मदद करने कि परवाह करता है, या बस केवल बेचने के लिए ही जाता है

  2. यह स्पष्ट करें कि क्या वह निवेश के मूल सिद्धांतों को समझता है जोकि इस पुस्तक में उल्लिखित हैं

  3. आकलन करें कि क्या वह आपकी मदद करने के लिए पर्याप्त रूप से शिक्षित, प्रशिक्षित और अनुभवी है।


आगे कुछ प्रश्न बताये गए हैं जो प्रमुख वित्तीय योजनाकारों ने किसी भी संभावित ग्राहक से पूछने कि सिफारिश की है:


  • आप इस व्यवसाय में क्यों हैं?

  • आपकी फर्म का मिशन स्टेटमेंट क्या है?

  • अपने अलार्म बंद करने के अलावा, आप सुबह उठते ही क्या करते हैं?

  • आपका निवेश दर्शन क्या है?

  • क्या आप स्टॉक या म्यूचुअल फंड का उपयोग करते हैं?

  • क्या आप तकनीकी विश्लेषण का उपयोग करते हैं?